एमपी टूरिज्म राज्य स्तरीय क्विज-2026 में बालाघाट की टीम अव्वल, धार दूसरे और सीधी तीसरे स्थान पर
प्रदेश के 53 जिलों के 24 हजार से अधिक विद्यार्थियों ने लिया हिस्सा, विजेता टीमों को मध्यप्रदेश भ्रमण के लिए निःशुल्क टूर पैकेज
भोपाल। मध्यप्रदेश की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत से विद्यार्थियों को परिचित कराने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय पर्यटन क्विज-2026 का समापन कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में हुआ। प्रतियोगिता में बालाघाट के शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। धार के पब्लिक स्कूल की टीम दूसरे और सीधी के काशी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की टीम तीसरे स्थान पर रही। प्रदेश के 53 जिलों से 24 हजार से अधिक विद्यार्थियों ने इस प्रतियोगिता में सहभागिता की।
कार्यक्रम में संस्कृति, पर्यटन एवं धार्मिक न्यास और धर्मस्व राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र भाव सिंह लोधी ने विजेता विद्यार्थियों को मेडल और मध्यप्रदेश भ्रमण के निःशुल्क टूर पैकेज के कूपन प्रदान किए। प्रतियोगिता में शामिल अन्य प्रतिभागियों को भी प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।
पर्यटन के क्षेत्र में करियर बनाने का मिलेगा अवसर : मंत्री लोधी
राज्यमंत्री धर्मेंद्र भाव सिंह लोधी ने विजेता विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि पर्यटन क्विज का उद्देश्य विद्यार्थियों में प्रदेश के पर्यटन स्थलों, ऐतिहासिक विरासत और समृद्ध संस्कृति के प्रति रुचि बढ़ाना है। इस तरह की प्रतियोगिताओं से विद्यार्थियों का ज्ञान बढ़ने के साथ उनकी प्रतिभा को भी प्रोत्साहन मिलता है।
उन्होंने कहा कि पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार और करियर की अपार संभावनाएं हैं। विद्यार्थी प्रदेश की पर्यटन संपदा को समझकर इस क्षेत्र में अपना भविष्य संवार सकते हैं। पर्यटन क्विज युवाओं को पर्यटन उद्योग से परिचित कराने और उनके लिए नए अवसरों के रास्ते खोलने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
पर्यटन से जुड़कर युवा बना सकते हैं उज्ज्वल भविष्य : डॉ. इलैयाराजा टी.
पर्यटन विभाग के सचिव एवं मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड के प्रबंध संचालक डॉ. इलैयाराजा टी. ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि पर्यटन क्विज युवा पीढ़ी को प्रदेश की ऐतिहासिक और प्राकृतिक धरोहरों से जोड़ने का प्रभावी माध्यम है। प्रदेश की विरासत की जानकारी विद्यार्थियों के लिए पर्यटन और ट्रैवल इंडस्ट्री में करियर के नए रास्ते खोल सकती है।
उन्होंने कहा कि जीवन में कड़ी मेहनत, सही दिशा और निरंतर सीखने की भावना सफलता के लिए आवश्यक है। प्रतियोगिताओं में भाग लेने से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार होते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को मध्यप्रदेश का ब्रांड एंबेसडर बताते हुए कहा कि प्रदेश की समृद्ध संस्कृति और विरासत को दुनिया तक पहुंचाने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है।
छह टीमों ने फाइनल में बनाई जगह
राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के फाइनल में सीधी, धार, मुरैना, सतना, बालाघाट और उमरिया की टीमों ने स्थान बनाया। इस वर्ष प्रतियोगिता की थीम ‘द ट्रेजर आर्ट ऑफ एमपी’ रखी गई थी। इसमें प्रदेश के शासकीय और अशासकीय विद्यालयों में कक्षा 9वीं से 12वीं तक अध्ययनरत विद्यार्थियों ने भाग लिया।
प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों को मध्यप्रदेश के ऐतिहासिक स्थलों, सांस्कृतिक परंपराओं, वन्यजीवों और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों की जानकारी दी गई। स्कूल शिक्षा विभाग के सहयोग से आयोजित इस पहल में अब तक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से 21 लाख से अधिक विद्यार्थियों के मध्यप्रदेश पर्यटन से जुड़ने की जानकारी भी दी गई।
विजेता टीमों को मिलेगा मध्यप्रदेश भ्रमण का अवसर
प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली बालाघाट की टीम को पांच दिन और चार रात का निःशुल्क टूर पैकेज दिया गया। दूसरे स्थान पर रही धार की टीम को चार दिन और तीन रात तथा तीसरे स्थान पर रही सीधी की टीम को तीन दिन और दो रात के भ्रमण का अवसर मिलेगा।
इसके अलावा फाइनल में पहुंचीं अन्य तीन टीमों को भी पर्यटन विभाग की ओर से मध्यप्रदेश भ्रमण का अवसर प्रदान किया गया। जिला स्तरीय प्रतियोगिता की टीमों के लिए भी तीन दिन और दो रात के भ्रमण की व्यवस्था की गई है। इन पैकेजों के तहत विद्यार्थी पर्यटन विभाग के अंतर्गत आने वाले होटलों में ठहरने और प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण करने का लाभ प्राप्त करेंगे।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मन
समापन समारोह में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। भोपाल के शासकीय आदर्श आवासीय कन्या संस्कृत विद्यालय की 30 छात्राओं ने ‘श्री रामचरितम्’ की प्रस्तुति देकर दर्शकों का मन मोह लिया। करीब 35 मिनट की इस प्रस्तुति में भगवान श्रीराम के जन्म से लेकर वनवास, सीता हरण, राम-रावण युद्ध और राम राज्याभिषेक तक की कथा को भारतीय ज्ञान परंपरा, शास्त्रीय अभिनय और लोक संगीत के माध्यम से मंच पर प्रस्तुत किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों के लिए माइंड रीडर प्ले भी आयोजित किया गया। इस अवसर पर मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड के अपर प्रबंध संचालक डॉ. अभय अरविंद बेडेकर, संयुक्त संचालक डॉ. संतोष श्रीवास्तव, संयुक्त संचालक लोक शिक्षण एच.एन. नेमा, एसडीएम लखन सिंह चौधरी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।


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